सतुआ बाबा बुलडोजर से माघ मेले में घूम लेता है लेकिन शंकराचार्य अपनी पालकी नहीं ले जा पाए।
यह बताता है कि सत्ता में बैठे लोग धर्म का सम्मान नहीं करते बल्कि उन धार्मिक चोला ओढ़े लोगों का सम्मान करते हैं जो सरकार की भाषा बोलते हैं।
यह वीडियो देखें, "सतुवा बाबा बुलडोजर पर" https://share.google/S7odI8uvSwsIAuXIb
Sabka number aayega.......
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