
किंगकांग फिल्म में उन्हें अभिनय की दुनिया में स्थापित कर दिया और इसके बाद उन्हें एक से बढकर एक भुनिकाए मिली जिसमे अपनी अभिनय क्षमता का परिचय दिया | दारा सिंह ने अभिनेत्री मुमताज के साथ १६ फिल्मो में काम किया | इस जोड़ी की अधिकतर फिल्मे स्टंट और एक्शन प्रधान फिल्मे थी | इन फिल्मो में बाक्सर , सैमसं टार्जन किंगकांग आधी शामिल है | रामानद सागर के धारावाहिक '' रामायण '' में हनुमान की भूमिका में लोगो ने उन्हें विशेष रूप से पसंद किया और उन्हें घर घर में लोकप्रिय बना दिया अपने मजबूत कदकाठी और प्रभावशाली भूमिकाओं के कारण दर्शको को उनसे अलग किस्म की उम्मीद रहती थी | एक पीढ़ी के लिए तो वह जीवन में ही मिथक के समान हो गये थे और बलशाली लोगो की तुलना उनसे की जाती थी १९५० के दशक के बीच में वह भारत लौटे और चैपियन बने | उन्होंने राष्ट्र मंडल देशो का भी दौरा किया और वहा के पहलवानों से अखाड़े में मुकाबला करते हुए विजय हासिल किया अतत: १९६८ में वह विश्व चैपियन बने | कहा जाता है की उनकी लोकप्रियता से कुश्ती को नया जीवन मिला और देश में बड़ी संख्या में युवा इस खेल के प्रति आकर्षित हुए | उनकी कुश्ती प्रतियोगिता को देखने के लिए लोगो में गजब का उत्साह होता था | आज हमारे बीच से एक शक्ति का पुंज अन्तत ब्रम्हांड में चिर विलीन हो गया उस अजीबो ग्रीम शक्सियत को शत -- शत नमन ,
-सुनील दत्ता पत्रकार