गुरुवार, 5 फ़रवरी 2026
तडीपार जब गृहमंत्री होगें ...बंगाल पुलिस ने दिल्ली में ली दिल्ली पुलिस की गाड़ियों की तलाशी?
तडीपार जब गृहमंत्री होगें ...बंगाल पुलिस ने दिल्ली में ली दिल्ली पुलिस की गाड़ियों की तलाशी?
बोनट खोलकर इंजन को स्कैन किया गया. फिर गाड़ी के दरवाजे खोलकर अंदर चेकिंग हुई. जैसे पुलिस संदेह होने पर संदिग्धों की गाड़ी चेक करती है उसी तरह बकायदा आगे से पीछे तक पूरी गाड़ी चेक की जाती है.
सिस्टम यानी ढांचा लोकतांत्रिक व्यवस्था को चलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है. सिस्टम समन्वय करता है, सबके अधिकार तय करता है. ये तय करता है कि व्यवस्था ठीक से चलती रहे. सोचिए अगर इस सिस्टम का अतिक्रमण हो, सिस्टम में शामिल लोग ही अपने अधिकार का उल्लंघन करें तो क्या होगा. निश्चित तौर पर अराजकता फैलेगी. आज हम अधिकारों के अतिक्रमण वाली ऐसी ही सोच का विश्लेषण करेंगे.
एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें गाड़ी के बोनट पर नंबर प्लेट के ऊपर लाल रंग से दिल्ली पुलिस लिखा है. यानी ये गाड़ी दिल्ली पुलिस की है. इसका बोनट खुला है. और कुछ लोग गाड़ी के आसपास मौजूद हैं.
क्यों चेक हुई दिल्ली पुलिस की गाड़ी
गाड़ी खराब नहीं है. उसकी चेकिंग हो रही है. इसलिए बोनट खोला गया है. पुलिस की गाड़ी की चेकिंग सुनकर आश्चर्य मत कीजिए. ये सही है कि दिल्ली पुलिस के काफिले में शामिल गाड़ियों की चेकिंग हो रही है. चेकिंग भी बिहार, यूपी या कर्नाटक में नहीं दिल्ली में ही हो रही है. और चेकिंग करनेवाले भी पुलिसकर्मी ही हैं. दिल्ली पुलिस के काफिले में शामिल गाड़ियों की चेकिंग कैसे हुई, ये आपको बताते हैं.
बोनट खोलकर इंजन को स्कैन किया गया. फिर गाड़ी के दरवाजे खोलकर अंदर चेकिंग हुई. जैसे पुलिस संदेह होने पर संदिग्धों की गाड़ी चेक करती है उसी तरह बकायदा आगे से पीछे तक पूरी गाड़ी चेक की जाती है.
जो लोग दिल्ली पुलिस के काफिले में शामिल गाड़ी को चेक कर रहे हैं, उन्हें दिल्ली पुलिस पर भरोसा नहीं है. सोचिए ये कैसा गजब हो रहा है कि जिस दिल्ली पुलिस को दिल्ली में दूसरों की गाड़ी की सुरक्षा जांच करनी चाहिए वो अपनी गाड़ी की जांच करवा रही है. मतलब ये कैसी व्यवस्था है और ऐसा क्यों हुआ अब इसे समझि
बंगाल के पुलिस अफसरों ने की चेक
वीडियो में जो लोग दिल्ली पुलिस की गाड़ी की चेकिंग कर रहे हैं वो बंगाल पुलिस के अधिकारी हैं. जहां दिल्ली पुलिस की गाड़ी की जांच हो रही है वो दिल्ली का बंग भवन है. पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी दिल्ली दौरे पर हैं. प्रोटोकॉल के मुताबिक दिल्ली पुलिस की टीम ममता बनर्जी को सुरक्षा देने के लिए बंग भवन पहुंची थी.
लेकिन यहां दिल्ली पुलिस की गाड़ियों की तलाशी हुई. ये भारत के इतिहास में पहली बार हुआ जब दिल्ली की जमीन पर, दिल्ली पुलिस के क्षेत्राधिकार में, दूसरे प्रदेश की पुलिस ने दिल्ली पुलिस की गाड़ियों की जांच की. ये अविश्वास है या राजनीति- इसपर चर्चा करेंगे. लेकिन पहले समझते हैं कि दिल्ली पुलिस किस प्रोटोकॉल के तहत बंग भवन पहुंची थी.
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