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गुरुवार, 3 मई 2018

योगी सरकार कानून व्यवस्था बनाये रखने में नाकाम


मोहम्मद समी का शव
योगी सरकार प्रदेश में कानून व्यवस्था को बनाये रखने में असफल हो गयी है इसलिए थानों में प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज नही की जाती है. अपहरण, हत्या, बलात्कार जैसे मामलों की सूचना दर्ज न कर उनको छिपाने का काम किया जा रहा है. 
पूर्व विधायक सरवर अली
          बाराबंकी जनपद के थाना फतेहपुर के प्रमुख कपडा व्यवसायी मोहम्मद समी 20 मार्च को अपनी दुकान बंद कर 7 बजे शाम को अपने घर जा रहे थे कि रास्ते में घात लगाये कुछ लोगों ने उनका अपहरण कर लिया और उनका मोबाइल बंद हो गया तब उनके बड़े भाई मोहम्मद रफ़ी ने थाना फतेहपुर पहुँच कर पुलिस को सूचना दी किन्तु पुलिस के कानों पर जूं तक नही रेंगी और कोई सुनवाई नही हुई तब क्षेत्र के लगभग 50 मोटरसाइकिल सवारों ने आसपास के क्षेत्र में मोहम्मद समी को ढूंढना शुरू कर दिया. 21 मार्च को सूचना मिलती है कि मोहम्मद समी का शव गाँव जाने के रास्ते से विपरीत दिशा में 7 किलोमीटर दूर लोनियनपुरवा के पास पड़ा है. हजारों लोगों के इकठ्ठा हो जाने पर आक्रोश को देखते हुए थाना फतेहपुर बाराबंकी के प्रभारी निरीक्षक अपने लाव-लश्कर के साथ पहुंचे और बगैर पंचनामा कराये लाश को पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया. मौके पर प्रभारी निरीक्षक पुलिस ने कोई भी साक्ष्य संकलन की दिशा में कोई कार्य नही किया. मृतक के भाई रफ़ी को थाने पर रोके रखा और पोस्टमार्टम हाउस में पंचनामा कर शव को सील कर तुरंत पोस्टमार्टम कराया. पुलिस ने प्रथम सूचना रिपोर्ट भी दर्ज नही की.
श्याम बिहारी वर्मा
 योगी सरकार की पुलिस की इस कार्य प्रणाली से क्षुब्ध होकर क्षेत्रीय जनता ने कई बार प्रशासनिक व क्षेत्रीय अधिकारियों से मिलकर रिपोर्ट दर्ज कर जांच की मांग की लेकिन सरकार की मंशा के अनुरूप प्रथम सूचना रिपोर्ट अपहरण व हत्या की नही दर्ज की.
मृतक मोहम्मद समी
        जनता के आक्रोश को देखते हुए पूर्व विधायक सरवर अली ने इस घटना के विरोध में व सरकार की नाकामी को लेकर 7 मई को क़स्बा फतेहपुर बाराबंकी में कैंडल मार्च निकालने की घोषणा की और 8 मई को सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करने की भी घोषणा की है. 
        वहीँ, बुढ़वल केन यूनियन के पूर्व अध्यक्ष श्याम बिहारी वर्मा ने कहा कि कानून व्यवस्था बनाये रखने में सरकार की जरा सा भी रुचि नही है और सम्बंधित थाने में  अपराधों की रोकथाम का सबसे बढ़िया उपाए यह है कि प्रथम सूचना रिपोर्ट ही न दर्ज करो.

रविवार, 28 मई 2017

सीमा पर जवान सरकार की नीतियो के कारण शहीद हो रहे है-डा0 गिरीश

बाराबंकी। फतेहपुर कस्बें में आयोजित भारतीय कम्यूनिस्ट पार्टी के तीन दिवसीय शिक्षा अध्ययन शिविर के तीसरे दिन कार्यकर्ताओ को सम्बोधित करते हुये प्रदेश सचिव डा0 गिरीश शर्मा ने कहा कि सीमा पर जवानो को सरकार की नीतियो के कारण लोग शहीद हो रहे है। और सत्तारुढ़ दल उनकी शहादत पर राजनीति कर वोट बैंक को बढ़ाने का काम कर रही है।
                                        अध्ययन शिविर को सम्बोधित करते हुये गोण्ड़ा के वरिष्ठ अधिवक्ता सुरेश त्रिपाठी ने कहा कि कार्यकर्ताओ को नित्य अपने कार्यक्रम निश्चित करना चाहिए। और प्रतिदिन उसकी समीक्षा करनी चाहिए और समय का सद्उपयोग करना चाहिए। अध्ययनशील होकर जनपक्षीय साहित्य का प्रचार-प्रसार करना चाहिए। भौतिकवादी चिन्तन धारा के महापुरुषो की कृतियो की जैसे राहुल सांकृत्यायन, मुंशी प्रेमचन्द, डा0 अम्बेड़कर आदि का अध्ययन कर प्रचारित करना चाहिए। भारतीय संविधान की मूल धाराओ की रक्षा करने के लिए पढ़े-लिखे चिन्तनशील व्यक्तियो को व प्रमुख रुप से अधिवक्ताओ का आगे आना चाहिए। 
                                  पार्टी के केन्द्रीय शिक्षा विभाग अध्यक्ष अनिल राजिमवाले ने शिविर को सम्बोधित करते हुये कहा कि साथियो को वैचारिक प्रशिक्षण के लिए आज ज्यादा महत्व का हो गया है। क्योकि शासक पार्टी द्वारा बहुत बड़ा वैचारिक आक्रमण किया जा रहा है। देश के इतिहास संस्कृति, राष्ट्रभाषा की अलग-अलग परिभाषा बताई जा रही है। अर्थव्यवस्था और जनतन्त्र इन दोनो पर खतरा है। इसलिए हमारा प्रशिक्षण शिविर इसका जवाब देने मे सक्षम बनाएंगा। 
                                     पार्टी के जिला सचिव बृज मोहन वर्मा ने सभी शिक्षार्थियो को जनपद आने के लिए धन्यवाद किया। वही पार्टी सहसचिव रणधीर सिंह सुमन ने कहा कि संघ की जहरीली विचारधारा को समाप्त करने के लिए जनपद के विभिन्न जगहो में आयोजित किये जायेगें। 
                                        शिविर मे पुष्पेन्द्र सिंह, विनय कुमार, गिरीश चन्द्र, रामनरेश, अधिवक्ता सरदार भूपिन्दर पाल सिंह, अमर सिंह, विजय प्रताप सिंह, प्रवीन कुमार निर्मल वर्मा, अमर सिंह प्रधान, आनन्द प्रताप सिंह, राजेन्द्र सिंह राणा, कर्मवीर सिंह, नीरज वर्मा मौजूद रहे।
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